"बेबी बॉटल सिंड्रोम: बच्चों में दांतों की सड़न का बड़ा कारण"
अगर आपका बच्चा लंबे समय तक बॉटल से दूध पीता है तो उसको बेबी बॉटल सिंड्रोम होने का रिस्क रहता है. इस सिंड्रोम को बेबी बॉटल टूथ डेके के नाम से भी जाना जाता है, शिशुओं और बच्चों को प्रभावित करने वाली यह दातों की एक आम समस्या है. यह तब होता है जब मुंह में रहने वाले बैक्टीरिया दूध, फॉर्मूला मिल्क या अन्य मीठी चीजों से शुगर को खाते हैं. इससे जो एसिड बनता है जो धीरे-धीरे दांतों के इनेमल को नष्ट कर देता है और सड़न पैदा करता है. अगर समय रहते इसका समाधान नहीं किया गया तो इस स्थिति का बच्चे की ओरल हेल्थ को खराब कर सकती है.
बेबी बॉटल टूथ डेके का एक मुख्य कारण दूध, फॉर्मूला या मीठे पेय पदार्थों का बार-बार और लंबे समय तक सेवन, खासकर सोने से पहले बहुत देर तक दूध की बोतल मुंह में रखने से होता है. यह दांतों के सड़ने के जोखिम को बढ़ा सकता है. यह खराब ओरल हेल्थ का कारण बनता है. इसके अलावा असर बच्चे बच्चे की मुंह और दांतों की बार-बार नहीं होती है, तो बैक्टीरिया के निर्माण और एसिड बनने से दांत सड़ने लग जाते हैं.
बेबी बॉटल सिंड्रोम से बचाव कैसे करें
सीके बिड़ला अस्पताल में इंटरनल मेडिसिन विभाग में डॉ नरेंद्र सिंघला बताते हैं कि बच्चे के दांतों की सड़न को रोकने के लिए विशेषज्ञ अब नए तरीके से बच्चे को फिडिंग कराने की सलाह देते हैं. माता-पिता को बच्चे को दूध पीलाने के लिए बॉटल का यूज करने से बचना चाहिए. ऐसा इसलिए क्योंकि इस आदत से बच्चे बहुत देर तक बॉटल को मुंह में रखते हैं और इससे दूध में मौजूद मीठे तरल पदार्थों दातों में लंबे समय तक रहते हैं.
इस तरह करें बच्चे को फीडिंग
डॉ नरेंद्र सिंघला बताते हैं कि 12-14 महीने की उम्र तक बच्चों को बोतल से दूध छुड़ाने और सड़न के जोखिम को कम करने के लिए कप से पीने की सलाह दी जाती है. दूध पिलाने के बाद नियमित रूप से नम कपड़े का उपयोग करके बच्चे के मुँह को साफ करना बैक्टीरिया के विकास को रोकने में मदद कर सकता है. जैसे ही बच्चे का पहला दाँत निकलता है, माता-पिता को इनेमल को मजबूत करने और सड़न से बचाने के लिए फ्लोराइड टूथपेस्ट के साथ बच्चे के आकार के टूथब्रश का उपयोग करना शुरू कर देना चाहिए.

राशिफल: जानिए, कैसा रहेगा आपका आज का दिन (04 मार्च 2026)
18 दिवसीय सर्विस ऑन व्हील्स अभियान बना जनसेवा की मिसाल, हजारों दिव्यांगजन एवं वृद्धजन लाभान्वित
हरिद्वार में अमित शाह का दौरा, सियासी हलचल तेज़
होली के पावन अवसर पर मध्यप्रदेश पुलिस की गुम/चोरी के मोबाइलों की बरामदगी के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
प्रकृति संरक्षण और सामाजिक समरसता का संदेश देता है होली का पर्व : मंत्री केदार कश्यप
इंडिया स्किल 2025-26 में छत्तीसगढ़ को मिली ऐतिहासिक सफलता
स्वस्थ प्रदेश ही समृद्ध प्रदेश की है आधारशिला : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
रंगों में घुले प्रेम और सौहार्द का त्योहार है होली : मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने दी होली की शुभकामनाएँ