इंडोनेशिया में भूस्खलन और बाढ़ से 10 लोगों की मौत, कई लापता
सिबोल्गा,। इंडोनेशिया के सुमात्रा द्वीप पर मूसलाधार बारिश से अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन से कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई और छह लापता बताए जा रहे हैं। स्थानीय पुलिस ने बुधवार को बयान जारी कर कहा कि पिछले सप्ताह हुई मानसूनी बारिश के कारण नदियां उफान पर हैं। इसके बाद बाढ़ से इलाके में तबाही मच गई। इस घटना के बाद बचाव दल, उत्तरी सुमात्रा प्रांत के छह जिलों में प्रभावित इलाकों तक पहुंचने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
बयान में कहा गया है कि बुधवार तक बचाव कर्मियों ने सबसे ज्यादा प्रभावित शहर सिबोल्गा से कम से कम पांच शव और तीन घायलों को निकाला और वे चार लापता लोगों की तलाश में जुटे हैं। वहीं मध्य तपनौली में भूस्खलन के कारण एक ही परिवार के कम से कम चार लोगों की मौत हो गई। बाढ़ के चलते करीब दो हजार घर और इमारतें पानी में डूब गईं। इस आपदा के कारण दक्षिण तपनौली जिले में पेड़ उखड़ गए जिससे एक ग्रामीण की मौत हो गई।
सिबोल्गा पुलिस ने बताया कि आपातकालीन आश्रय स्थल स्थापित किए गए हैं और अधिकारियों ने ज्यादा जोखिम वाले क्षेत्रों के लोगों से तत्काल सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील की है। अक्टूबर से मार्च तक भारी मौसमी बारिश के कारण इंडोनेशिया में अक्सर भूस्खलन और बाढ़ आती है। यह 17,000 द्वीपों का एक द्वीपसमूह है, जहां लाखों लोग पहाड़ी क्षेत्रों में या उपजाऊ मैदानों के पास रहते हैं।

लगातार दो वर्ष देश में सर्वाधिक रिकवरी दर, यह किसानों की मेहनत का परिणाम है - उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा
नशे के अवैध कारोबार के विरुद्ध कार्रवाई को मिशन के रूप में लेकर कार्य करें-उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा
केन बेतवा लिंक परियोजना के क्रियान्वयन से बुंदेलखंड क्षेत्र में आयेगी खुशहाली : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
प्रदेश की लाडली बहना लाभ लेने वाली नहीं, अब बन रही है लाभ कमाने वाली: मुख्यमंत्री डॉ यादव
महिला अस्पताल में 100 सिजेरियन का लक्ष्य, निजी विशेषज्ञ भी किए अनुबंधित
दिल्ली में एयर इंडिया के पायलट की होटल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, कमरे में मिला शव
लंबी कानूनी लड़ाई के बाद वैध भूमि स्वामी को मिला भौतिक कब्जा
टीबी खत्म करने के लिए दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में तेज कार्रवाई का संकल्प, डब्ल्यूएचओ ने बनाई नई रणनीति
दाऊजी मेले की तैयारियों को लेकर डीएम ने दिए दिशा-निर्देश
रत हो या अमेरिका, अच्छी टेक नौकरी पाने के लिए सिर्फ डिग्री काफी नहीं