निवेशक अब डिजिटल इन्फ्लूएंसर्स पर कर रहे भरोसा, 9 में से 8 चुनते यूट्यूब
व्यापार: निवेश करने के तमाम विकल्पों और सलाह देने वाले प्लेटफॉर्मों की भरमार के बावजूद 93 फीसदी निवेशक फिनफ्लूएंसर्स यानी वित्तीय राय देने वाले इन्फ्लूएसंर्स को विश्वसनीय मानते हैं। सात फीसदी ऐसे हैं जो बिल्कुल विश्वसनीय नहीं मानते हैं। सेबी के सर्वे में पता चलता है कि डिजिटल सहकर्मी समूह प्रतिभूति बाजार में उत्पादों की जानकारी वाले शीर्ष साधन बने हुए हैं।
सर्वे में कहा गया है कि 62 फीसदी निवेशक कुछ या अधिकांश निवेश का निर्णय फिनप्लूएंसर्स की सिफारिशों के आधार पर लेते हैं। फिनफ्लूएंसर्स को फॉलो करने के लिए सबसे ज्यादा 91 फीसदी निवेशक यूट्यूब का उपयोग करते हैं। 64 फीसदी इंस्टाग्राम का 61 फीसदी फेसबुक पर जाते हैं। 11 फीसदी ट्विटर व केवल चार फीसदी लिंक्डइन पर जाते हैं।
प्रतिभूतियों के लिए जानकारी जुटाने के निवेशकों के सामान्य साधन में 59 फीसदी दोस्त, परिवार व सहकर्मी का योगदान होता है। सोशल मीडिया का योगदान 56 फीसदी होता है। ऑनलाइन निवेश के साधन जैसे टेलीग्राम, फेसबुक और रेडिट का 34 फीसदी निवेशक उपयोग करते हैं।
जोखिम व रिटर्न की चिंता अधिक
जो लोग निवेश करना चाहते हैं वे प्रतिभूति बाजार के उत्पाद जटिलता और जोखिम एवं रिटर्न की चिंता से भरे हैं। इनकी मुख्य चिंताओं में नुकसान का डर, सीमित ज्ञान और पहुंच के साथ वित्तीय संस्थानों में कम विश्वास शामिल हैं। जो निवेश करने की इच्छा रखते हैं उनमें बाजार के जोखिमों के कारण पैसा खोने का डर है, खासकर स्टॉक में। जोखिमों के कारण 79 फीसदी को लगता है कि पैसा चला जाएगा। 67 फीसदी रिटर्न व प्रदर्शन की अनिश्चितता को लेकर चिंतित होते हैं।
36 फीसदी निवेशकों को सही ज्ञान
सर्वे के अनुसार, केवल 36 फीसदी निवेशकों को बाजार के बारे में मध्यम से उच्च स्तर का ज्ञान है। यह स्थिति वहां है जहां बाजार की ज्यादा पहुंच है। 50 फीसदी निवेशकों को कम जानकारी है। उत्पाद कैसे काम करता है, इस बारे में 28 फीसदी को कोई जानकारी नहीं है। 27 फीसदी को यह नहीं पता कि निवेश कैसे शुरू करना है। जानकारी के लिए बहुत सारे साधन होने से 20 फीसदी लोग निवेश को लेकर भ्रम में रहते हैं।

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